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Aug 27, 2015

वाजपेयी के सपनों को हकीकत में बदलेगा स्मार्ट सिटीज मिशन – संजय श्रीवास्तव

भविष्य के छत्तीसगढ़ की 3 स्मार्ट सिटीज – रायपुर, बिलासपुर और नया रायपुर
रायपुर 27 अगस्त 2015, रायपुर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने कहा है कि रायपुर शहर को देश के 98 शहरों के स्मार्ट सिटीज मिशन में शामिल कर केन्द्र सरकार ने छत्तीसगढ़ के निर्माता अटल विहारी वाजपेयी के सपनों को हकीकत में बदलने का एक ठोस कदम उठाया हैं. उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेन्द्र मोदी विकास की समझ रखने वाले ऐसे क्रांतिकारी है जिसका देश को दशकों से इंतजार था. उनकी विकास  दूरदृष्टि अपने आप में अदभुत है.
आरडीए के अध्यक्ष ने कहा कि केन्द्रीय शहरी विकास मंत्री श्री एम. वेंकैया नायडू भी बधाई के पात्र है उन्होंने इस मिशन पर काफी तेजी के साथ काम किया. रायपुर को स्मार्ट सिटीज मिशन में शामिल करने से यहां पर्याप्त पानी की आपूर्ति, निश्चित विद्युत आपूर्ति, ठोस अपशिष्ट प्रबंधन, स्वच्छता, कुशल शहरी गतिशीलता और सार्वजनिक, परिवहन, किफायती आवास, सुदृढ़ आई टी कनेक्टिविटी और डिजीटलीकरण, सुशासन, विशेष रूप से ई-गवर्नेंस और नागरिक भागीदारी, टिकाऊ पर्यावरण, नागरिकों की सुरक्षा और संरक्षा, विशेष रूप से महिलाओं, बच्चों एवं बुजुर्गों की सुरक्षा, और स्वास्थ्य और शिक्षा की दिशा में काम होगा. उन्होंने कहा राज्यों के पास सीमित संसाधनों और विशेषज्ञता की कमी होने के कारण शहरों का बेहतर और समन्वित विकास नहीं हो पाया है. अब स्मार्ट सिटीज मिशन के माध्यम से केन्द्र सरकार व्दारा विशेषज्ञता और हर शहर को स्मार्ट बनाने के लिए भी राशि उपलब्ध होगी.  
श्री श्रीवास्तव ने कहा कि 14वीं सदी में बना रायपुर पुरानी बसाहट के कारण यहां आधुनिक संरचना का अभाव है जो स्मार्ट सिटीज मिशन से आधुनिक स्वरुप में बदलेगा. श्री संजय श्रीवास्तव ने आगे कहा कि आने वाले समय में छत्तीसगढ में अब तीन स्मार्ट सिटीज होंगी. रायपुर बिलासपुर और नया रायपुर. उन्होंने कहा कि आज नया रायपुर तो डॉ. रमन सिंह की विकासात्मक सोच के कारण देश विदेश में भी जाना जा रहा है. कहीं न कहीं नया रायपुर का विकास भी स्मार्ट सिटीज मिशन के लिए प्रेरक रहा है. श्री श्रीवास्तव ने कहा कि स्मार्ट सिटीज मिशन का उद्देश्य ऐसे शहरों को बढ़ावा देने का है जो मूल बुनियादी सुविधाएं उपलब्ध कराएं और अपने नागरिकों को एक सभ्य गुणवत्तापूर्ण जीवन प्रदान करे. यह एक स्वच्छ और टिकाऊ पर्यावरण एवं 'स्मार्ट' समाधानों के प्रयोग का मौका भी देगा. सबसे बड़ी बात यह है कि स्मार्ट सिटीज मिशन शहरों को उनकी सबसे अहम जरूरतों एवं जीवन में सुधार करने के लिए सबसे बड़े अवसरों को उपलब्ध कराएगा. जिससे सुनहरे बदलाव की कल्पना साकार होगी. 

Aug 26, 2015

प्रापर्टी खरीदने बैंकों से ऋण की सुविधा उपलब्ध कराएगा आरडीए

10, 11 व 12 सिंतबर को आरडीए में होगा प्रापर्टी लोन मेला
रायपुर 26 अगस्त 2015, रायपुर विकास प्राधिकरण अब नागरिकों को अपनी विक्रय योग्य संपत्तियों खरीदने के लिए ऋण की सुविधा उपलब्ध कराने के लिए बैंकों का सहयोग ले रहा है. इस संबंध में प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम. डी. कावरे ने आज विभिन्न बैंकों एवं वित्तीय के अधिकारियों को कार्यालय आमंत्रित कर उन्हें प्राधिकरण व्दारा आगामी 10 से 12 सिंतबर 2015 तक कार्यालय परिसर में आयोजित होने वाले प्राप्रर्टी लोन मेला की जानकारी दी.
श्री कावरे ने इस अवसर पर बैंकों को कमल विहार योजना के संबंध में सुप्रीम कोर्ट के निर्णय की जानकारी देते हुए बताया कि कमल विहार योजना के क्रियान्वयन में कहीं कोई रोक नहीं लगाई गई है. कमल विहार में विकास और निर्माण का कार्य तीव्र गति से चल रहा है और यहां जिन भूस्वामियों को विकसित भूखंड दिए गए हैं या जिन लोगों ने वहां प्राधिकरण से अपने आवास, व्यवसाय इत्यादि के लिए प्लॉट लिए हैं उन्हें किसी भी प्रकार से कोई आशंका करने की या डरने की कोई आवश्यक्ता नहीं है. बैक के अधिकारियों को बताया गया कि टॉऊन एंड कंट्री प्लॉनिंग व्दारा अनुमोदित प्राधिकरण की इन्द्रप्रस्थ योजना में भी आवासीय, व्यावसायिक, मिश्रित व स्वास्थ्य प्रयोजन के भूखंड आवंटन के लिए उपलब्ध हैं, वे इसके लिए भी ऋण की सुविधा अपने ग्राहकों को दे सकते हैं.
इस बैठक में सेन्ट्रल बैंक, कैनरा बैंक, यूनियन बैंक ऑफ इंडिया, आईसीआई बैंक, ऐक्सिस बैंक, स्टेट बैंक ऑफ इंडिया,अपेक्स बैंक, इंडसईंड बैंक, विजया बैंक, कैन फिन होम लिमिटेड, एलआईसी हॉऊसिंग फॉयनेंस लिमिटेड, सेन्ट बैंक होम फायनेंस लिमिटेड के अधिकारी उपस्थित थे.  

Aug 25, 2015

ट्रांसपोर्टनगर में नोटिस के बाद धड़ाधड़ निर्माण

रायपुर 25 अगस्त 2015, रावांभाठा ट्रांसपोर्ट नगर में जिन लोगों ने प्लॉट लेने के बाद से अपनी दुकानों, वर्कशॉप इत्यादि का निर्माण कार्य़ शुरु नहीं किया था रायपुर विकास प्राधिकरण की लगातार नोटिस मिलने और अधिकारियों के स्थल निरीक्षण के बाद अब अधिकांश लोगों ने तेजी से निर्माण करना शुरु कर दिया है.
प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम. डी. कावरे और मुख्य अभियंता श्री जे.एस. भाटिया ने पिछले कुछ समय से लगातार स्थल निरीक्षण कर आवंटितों को भूखंड पर निर्माण करने के लिए प्रोत्साहित किया है. प्राधिकरण ने गत 16 अप्रैल को कई साल पहले से आवंटित प्लॉटों पर निर्माण नहीं करने वाले 26 आवंटितियों के भूखंडों का आवंटन निरस्त कर दिया था. प्राधिकरण व्दारा आवंटितियों के साथ किए गए पट्टा निष्पादन की कंडिका 4 में इस बात का उल्लेख है कि यदि आवंटिति निर्धारित अवधि में निर्माण कार्य नहीं करता है तो उसका पट्टा निरस्त कर दिया जाएगा.  इसके बाद इसमें से 22 लोगों ने नोटिस मिलने के बाद से निर्माण शुरु किया है. इसी दौरान प्राधिकरण ने ऐसे और 58 आवंटितियों की पहचान कर निर्माण कार्य करने के लिए नोटिस दिया था जिस पर सभी आवंटितियों ने निर्माण कार्य शुरु कर दिया है.
डॉ. खूबचंद बघेल ट्रॉंसपोर्टनगर में 29 आवंटिति ऐसे पाए गए थे जिन्होंने प्लॉट पर आधा - अधूरा निर्माण कर रखा था. इन लोगों में से किसी ने सिर्फ नींव तक, तो किसी ने लिंटल लेवल तक, तो किसी ने छत की ऊंचाई तक दीवारें खड़ी कर निर्माण अधूरा छोड़ रखा था. ऐसे सभी लोगों ने भी अब नोटिस मिलने के बाद से प्लॉट पर निर्माण कार्य प्रारंभ कर दिया है. प्राधिकरण के सीईओ श्री कावरे ने अनुसार यह कार्रवाई इसीलिए की जा रही है ताकि बिलासपुर मार्ग और रिंग रोड पर खड़े रहने वाले बड़े और छोटे माल वाहक ट्रांसपोर्ट नगर से ही अपना व्यवसाय संचालित करे. यहां ट्रांसपोर्ट व्यवसायियों के लिए पार्किंग सहित अन्य सभी सुविधाएं उपलब्ध है.
10 लाख से अधिक राशि के बकायादारों की सूची का सार्वजनिक प्रकाशन होगा
रायपुर, 25 अगस्त 2015, प्राधिकरण के सीईओ श्री कावरे ने आज रायपुर विकास प्राधिकरण की विभिन्न योजनाओं में वसूली की स्थिति की समीक्षा की. समीक्षा में सहायाक राजस्व अधिकारी ने जानकारी दी कि प्राधिकरण को कुल 17.78 करोड़ रुपए की वसूली करना है. इस हेतु बड़े बकायादारों के नामों की एक अलग सूची तैयार की जाए तथा ऐसे बकायादारो की सूची का समाचार पत्रों में नाम प्रकाशित कर सूचना दी जाए ताकि राशि की वसूली हो सके.

Aug 24, 2015

कमल विहार को 'स्कॉच ऑडर ऑफ मेरिट' अवार्ड

रायपुर 24 अगस्त 2015, रायपुर विकास प्राधिकरण की नगर विकास योजना कमल विहार को नई दिल्ली में आज देश के सर्वश्रेष्ठ 40 नगर पालिक निगमों के प्रोजेक्ट के अंतर्गत “स्कॉच ऑडर ऑफ मेरिट ” अवार्ड देने की घोषणा की गई है.
प्राधिकरण को यह अवार्ड देश भर के 300 से भी ज्यादा नगर निगमों के प्रोजेक्टों की प्रस्तुतिकरण के आधार पर मिला है. इस अवार्ड के साथ ही कमल विहार 22 एवं 23 सितंबर 2015 को अंतिम 10 सर्वश्रेष्ठ नगर निगमों को मिलने वाले स्कॉच स्मार्ट गवर्नेंस अवार्ड 2015 की दौड़ में शामिल हो गया है. 
नई दिल्ली की रणनीतिक और प्रबंधन सलाहकार कंपनी स्कॉच कंसलटेंसी सर्विस लिमिटेड की सीईओ डॉ. गुरशरन धनंजल ने आज रायपुर विकास प्राधिकरण के सीईओ श्री एम.डी. कावरे को भेजे गए एक ईमेल संदेश में “स्कॉच ऑडर ऑफ मेरिट” देने की सूचना दी. 1997 से कार्यरत रणनीति एवं प्रबंधन के क्षेत्र में स्कॉच कंसलटेंसी सर्विस लिमिटेड सार्वजनिक तथा शासकीय उपक्रमों, बैंकिंग व वित्तीय सेवा व बीमा सेक्टर, सुरक्षा तथा आपदा प्रबंधन, उर्जा, शिक्षा तथा सूचना एवं संचार तकनीक के सेक्टर में काम करने वाली संस्था है.
अब आगामी 22 एवं 23 सितंबर को नई दिल्ली के हैबीटॉट सेन्टर में देश - विदेश से आए लगभग 500 प्रतिनिधियों के समझ प्रतिभागियों की योजनाओं के संबंध में प्रस्तुति एवं चर्चा के उपरांत उनको मिले वोटों के आधार पर स्कॉच स्मार्ट गवर्नेंस अवार्ड 2015 की घोषणा की जाएगी.
कमल विहार देश की सबसे बड़ी नगर विकास योजनाओं में से एक है जो जनभागीदारी के साथ 1600 एकड़ में विकसित की जा रही है. इसके विकसित होने से अवैध रुप से हो रही प्लॉटिंग से प्रभावित लोगों को काफी राहत मिली है. कमल विहार के योजना क्षेत्र में आने वाले 90 प्रतिशत भूमि स्वामियों ने योजना में स्वयं को शामिल करने के लिए अपनी लिखित सहमति दी है. योजना में कुल4969 भूमि स्वामी जिन्हें अब विकसित भूखंड दिए जा रहे हैं. योजना में अब तक 800 भूस्वामियों ने  अपने विकसित भूखंड का कब्जा ले लिया है. योजना में अब तक 85 प्रतिशत विकास और निर्माण का कार्य पूरा हो चुका है. इसके अतिरिक्त प्राधिकरण के विकास कार्यों के व्यय राशि के लिए 1195 भूखंडों में से लगभग 700 भूखंडों का विक्रय किया जा चुका है. जिससे 300 करोड़ रुपए राशि किस्तों में प्राप्त होगी. जिसमें से 150 करोड़ रुपए प्राधिकरण को प्राप्त हो चुकी हैं. जबकि योजना में आवासीय के अतिरिक्त, व्यावसायिक,सार्वजनिक तथा अर्धसार्वजनिक, स्वास्थ्य तथा शैक्षणिक भूखंड भी उपलब्ध कराए गए हैं.

Aug 23, 2015

स्कूल ऑफ प्लॉनिंग एंड ऑर्किटेक्चर नई दिल्ली के छात्रों का कमल विहार स्टडी टूर


रायपुर 23 अगस्त 2015, स्कूल ऑफ प्लॉनिंग एंड आर्किटेक्चर, नई दिल्ली के बैचलर ऑफ प्लानिंग के 32 छात्र – छात्राओं ने आज अपने स्टडी टूर के अंतर्गत कमल विहार क्षेत्र का दौरा कर इसकी योजना और इसकी लैंडपूलिंग प्रणाली को समझा. 
संस्था की एसोसियेट प्रोफेसर डॉ. पूनम प्रकाश के साथ आए इस अध्ययन दल पहले स्थल कार्यालय गया. वहां रायपुर विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम.डी. कावरे ने कमल विहार योजना के संबंध में योजना की अलग – अलग स्तर पर प्लॉनिंग, भूमि अर्जन, भूस्वामियों के साथ जनभागीदारी, निर्माण कार्य, भूखंडों के विक्रय और उसकी मार्केटिंग के संबंध में विस्तृत जानकारी दी. इसके बाद छात्र – छात्राओं के विभिन्न सवालों तथा जिज्ञासाओं का समाधान किया गया. कल इन छात्रों को प्राधिकरण कार्यालय में योजना के सलाहकार बिल्टक्रॉफ्ट व्दारा योजना की अवधारणा के संबंध में पावर पांइट प्रस्तुति के माध्यम से विस्तृत जानकारी दी जाएगी.
                                             

Aug 20, 2015

कमल विहार के विकास और निर्माण पर कोई रोक नहीं

- निवेशकों को डरने की आवश्यक्ता नहीं - 

रायपुर 20 अगस्त 2015, रायपुर विकास प्राधिकरण ने कहा है कि माननीय सर्वोच्च न्यायालय ने कमल विहार योजना के विकास और निर्माण कार्यो में किसी प्रकार की कोई रोक नहीं लगाई है. माननीय न्यायालय ने 13 अपीलकर्ताओं की 30 एकड़ भूमि को कमल विहार में से पृथक करने की अपील को मान्य किया है. प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव और मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम. डी. कावरे ने कहा कि प्राधिकरण हमेशा की तरह माननीय न्यायालय के निर्णय का पूरी तरह से सम्मान और पालन करेगा. निवेशकों को इससे डरने की आवश्यक्ता नहीं. 

श्री कावरे के अनुसार कमल विहार के निवेशकों को इससे डरने की आवश्यक्ता नहीं है. उन्होंने कहा कि कमल विहार योजना ‘‘लैंड पूलिंग‘‘ का एक बेहतरीन उदाहरण है. केन्द्र शासन ने भी कमल विहार की लैंड पूलिंग की तरह नगर विकास योजना बनाने के निर्देशसभी राज्यों को दिए हैं. उल्लेखनीय है कि कमल विहार देश की सबसे बड़ी नगर विकास योजनाओं में से एक है जो जनभागीदारी के साथ 1600 एकड़ में विकसित की जा रही है. इसके विकसित होने से अवैध रुप से हो रही प्लॉटिंग से प्रभावित लोगों को काफी राहत मिली है. कमल विहार के योजना क्षेत्र में आने वाले 90 प्रतिशत भूमि स्वामियों ने योजना में स्वयं को शामिल करने  के लिए अपनी लिखित सहमति दी है. योजना में कुल 4969 भूमि स्वामी जिन्हें अब विकसित भूखंड दिए जा रहे हैं. योजना में आज तक 748 लोगों ने अपने विकसित भूखंड का कब्जा ले लिया है. योजना में अब तक 85 प्रतिशत विकास और निर्माण का कार्य पूरा हो चुका है. इसके अतिरिक्त प्राधिकरण के विकास कार्यों के व्यय राशि के लिए 1195 भूखंडों में से लगभग 700 भूखंडों का विक्रय किया जा चुका है. जिससे 300 करोड़ रुपए राशि किस्तों में प्राप्त होगी. जिसमें से 150 करोड़ रुपए प्राधिकरण को प्राप्त हो चुके हैं. जबकि  योजना में आवासीय के अतिरिक्त, व्यावसायिक, सार्वजनिक तथा अर्धसार्वजनिक, स्वास्थ्य तथा शैक्षणिक भूखंड भी उपलब्ध कराए गए हैं. योजना में बुनियादी सुविधाओं के लिए अधोसंरचना भी विश्व स्तर की है. यह योजना इतनी लोकप्रिय हुई है कि छत्तीसगढ़ के कई निवासी जो विदेशों में काम कर रहे हैं उन्होंने भी इसमें अपने और अपने परिवारों के लिए भूखंड लिए हैं. छत्तीसगढ़ प्रदेश सहित कई अन्य बड़े नगरों के लोगों ने भी यहां भूखंड खरीदे हैं.
कमल विहार को नए और उन्नत नगरों की अभिनव योजना की ईको सिटी श्रेणी में राष्ट्रीय स्तर पर “हडको डिजाईन अवार्ड 2012 – 13” भी प्राप्त हुआ है. योजना की लोकप्रियता के चलते इसका अध्ययन करने के लिए की कई संस्थाओं ने इसका दौरा किया. योजना में भूमि अर्जन की लैंड पूलिंग पालिसी का अध्ययन करने के लिए भारत सरकार नई दिल्ली से नगर तथा ग्राम निवेश संगठन, दिल्ली विकास प्राधिकरण, आंध्रप्रदेश की नई राजधानी बनाने वाली टीम और अफगानिस्तान में न्यू काबुल सिटी विकसित करने वाले योजनाकारों के दल ने भी यहां भ्रमण किया  

Aug 18, 2015

डॉ कलाम के मन में युवाओं के लिए एक जज्बा था – डॉ. रमन सिंह

कमल विहार योजना को धऱातल में लाने का श्रेय़ श्री राजेश मूणत को
ऑक्सीजोन में जनप्रतिनिधियों, समाजिक व अन्य संघठनों ने लगाए औषधीय पौधे


रायपुर 18 अगस्त 2015, मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कहा है कि पूर्व राष्ट्रपति डॉ. ए.पी. जे. अब्दुल कलाम हमेशा से ही अपने कर्तव्य के लिए सचेत रहें. उन्होंने अपनी अंतिम सांस तक युवा पीढ़ी की चिंता की. डॉ. कलाम के मन में युवा पीढ़ी के लिए एक जज्बा था. अपने जीवन के अंतिम शब्द तक वे हजारों युवाओं को आधुनिक भारत के निर्माण की उनकी कल्पना से अवगत करा रहे थे. यह बातें प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने कमल विहार में पौधरोपण के अवसर आयोजित कार्यक्रम में कही. उन्होंने कहा कि आज डॉ. कलाम के नाम पर कमल विहार में एक ऑक्सीजोन की शुरुआत की जा रही है इसके लिए आरडीए के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव बधाई के पात्र हैं.
डॉ. रमन सिंह ने कहा कि आज रायपुर विकास प्राधिकरण की कमल विहार योजना की पहचान देश ही नही वरन विदेशों में हो रही है. मुख्यमंत्री ने कमल विहार योजना को धऱातल में लाने का श्रेय़ आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री राजेश मूणत को देते हुए उन्होंने कहा कि यह उनकी सोच और परिश्रम का कारण संभव हुआ है. डॉ. सिंह ने कहा कि जब कोई व्यक्ति वृक्ष लगाता है तो वह  उससे हमेशा के लिए जुड़ जाता है. यहां जो लोग वृक्ष लगाएंगे वे कमल विहार से भी जुड जाएंगे. उन्होंने कहा प्रदेश भर में हरिहर छत्तीसगढ़ के लिए जो 10 करोड़ वृक्ष लगाने का लक्ष्य रखा गया है वह लक्ष्य पूरा होते तक जारी रहेगा. इस अवसर पर विधानसभा अध्यक्ष श्री गौरीशंकर अग्रवाल ने संबोधित करते हुए कहा कि रायपुर विकास प्राधिकरण ने पर्यावरण को संतुलित बनाए रखने के लिए ऑक्सीजोन में वृक्षारोपण की जो शुरुआत की है वह प्रशंसनीय है.
रायपुर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने अपने स्वागत भाषण में कहा मुख्यमंत्री जी ने हो हरिहर छत्तीसगढ़ की शुरुआत की है. उसमें प्राधिकरण भी सशक्त भूमिका निभाएगा. ऑक्जीजोन को डॉ.ए.पी.जे. अब्दुल कलाम के नाम पर करने के कारणों को जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि आज जिस शख्स के नाम से यह ऑक्सीजोन विकसित किए जाने की शुरुआत हो रही है. उस शख्स का कहना था कि “ इससे पहले की सपने सच हों, आपको सपने देखने होंगे ”. उनकी यह बात पूरी तरह से सही है कि डॉ. रमन सिंह जी ने देश की सबसे बड़ी नगर विकास योजनाओं में से एक कमल विहार का सपना देखा, चार साल पहले उसके विकास कार्य की नींव रखी और आज देखिए वह सपना कैसे सच हो गया है. डॉ. कलाम हमेशा से देश के युवाओं और उनके भविष्य को बेहतर बनाने के बारे में बातें करते थे. वे युवाओं को कहते थे कि “ सफलता से ज्यादा असफलता की कहानियां पढ़ो उनसे आपको सफल होने के विचार मिलेंगे ”. उनकी यह बात बताती है कि वे कितने अनुभवी और दूरदर्शी थे. इसलिए उनके विचारों को भविष्य की पीढ़ी तक पहुंचाने के लिए इस ऑक्सीजोन को डॉ.कलाम के नाम से समर्पित कर रहे हैं. आरडीए के अध्यक्ष श्री श्रीवास्तव ने आगे कहा कि आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री राजेश मूणत ने विकास के जिन कार्यों को आगे बढ़ाया हम उन कार्यों को और आगे बढ़ाएंगे. कार्यक्रम के अंत में प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम.डी. कावरे ने उपस्थितजनों का धन्यवाद ज्ञापित किया.

कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री सहित अतिथियों और आगंतुकों ने ऑक्सीजोन के विभिन्न प्रकार के औषधीय पौधों का रोपण किया. जनप्रतिनिधियों के साथ कई समाज और संगठन के लोगों ने भी ऑक्सीजोन में पौधे लगाए. इस कार्यक्रम में आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री राजेश मूणत, वन, विधि और विधायी कार्य मंत्री श्री महेश गागड़ा, पूर्व सांसद श्री गोपाल व्यास, पूर्व विधानसभा अध्यक्ष श्री धरमलाल कौशिक,स्वतंत्रता संग्राम सेनानी पद्मश्री महादेव पांडे, श्री बृजलाल शर्मा और पन्नालाल पडंया, मुख्य सचिव श्री विवेक ढॉंड, आवास एवं पर्यावरण सचिव श्री संजय शुक्ला,विधायक श्री सत्यनारायण शर्मा, विधायक श्री श्रीचंद सुन्दरानी, श्री रसिक परमार, श्री छगन मूंदडा, श्रीमती सरला जैन, श्यामा चक्रवर्ती और पूर्व विधायक श्री नंदे साहू, शासकीय स्कूल बोरियाखुर्द, कृष्णा पब्लिक स्कूल, जे. आर. दानी कन्या शाला और जे.एन. पांडे स्कूल के छात्र - छात्रों सहित कई गणमान्य नागरिक उपस्थित थे.   


Aug 16, 2015

कमल विहार में डॉ. कलाम के नाम पर बनेगा ऑक्सीजोन

आंगतुक व्यक्ति मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के साथ लगाएंगे एक पौधा  
रायपुर 16 अगस्त 2015, कमल विहार योजना में डॉ. ए.पी.जे. अब्दुल कलाम को समर्पित ऑक्सीजोन में मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह पौधरोपण करेंगें. यह कार्यक्रम 18 अगस्त को सुबह 10.30 बजे आयोजित हैं. रायपुर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने बताया कि कमल विहार के सेक्टर 3 में बोरिया तालाब के पीछे 5 एकड़ क्षेत्र में में लगभग पांच हजार पौधे लगाए जाएंगे. इस हेतु सभी वर्ग, समाज और युवाओं को आमंत्रित किया जा रहा है ताकि वे अपने मुख्यमंत्री के साथ ऑक्सीजोन में एक पौधा भी लगाएँ 
प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम. डी. कावरे के अनुसार पांच एकड़ में औषधीय पौधों का रोपण किया जाएगा. जिनमें नीम, करंज, जामुन, पीपल, अर्जुन, हर्रा, बहेड़ा, आंवला, सीसू, पेल्टाफार्म जैसे पौधों का रोपण किया जाएगा. ऑक्सीजोन विकसित करने का कार्य छत्तीसगढ़ शासन की विशेषज्ञ संस्था छत्तीगढ़ राज्य वन विकास निगम को सौंपा गया है. ऑक्सीजोन बेहतर रुप से विकसित हो इसके लिए वन विकास निगम तीन साल तक इसका रखरखाव करेगा. ऑक्सीजोन जल्दी से विकसित हो सके इसके लिए यहां 3 से 4 फुट व 12 से 15 फुट तक के पौधे रोपित किए जाएंगे.

श्री कावरे ने आगे बताया कि ऑक्सीजोन में ऐसे औषधीय पौधे व वृक्ष होते हैं जो अधिक मात्रा में ऑक्सीजन छोड़ते हैं. ऑक्सीजोन वाले क्षेत्र में हजारों की संख्या में पौधे लगाए जाते हैं. औषधीय गुणों से भरपूर वृक्ष वायु को शुध्द करते हैं तथा वह आसपास के वातावरण में आक्सीजन की मात्रा को बढ़ा देते हैं. इससे वहां रहने वालों को शुध्द ऑक्सीजन मिलती है और उनका स्वास्थ काफी अच्छा रहता है. आक्सीजन देने वाले वृक्षों में पीपल एक ऐसा दैवीय वृक्ष है जो दिन के अतिरिक्त रात में भी आक्सीजन देता है. 
हमारी आजादी हमारा गौरव - श्री संजय श्रीवास्तव
रायपुर 16 अगस्त 2015, स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर रायपुर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने कार्यालय प्रांगण में तिरंगा झंडा फहराया. इस अवसर पर उन्होंने आजादी के दौरान वीर शहीदों को याद करते हुए कहा कि आजादी के बाद हमें जो अभिव्यक्ति मिली हैं वहा हमारे लिए गौरव की बात है. उन्होंने कहा कि रायपुर विकास प्राधिकरण के माध्यम से हम सबको जनता की सेवा करने का मौका मिला है ऐसी सेवा का अवसर मिलना हमारे लिए एक ईश्वरी वरदान है. हम सबको रायपुर शहर के विकास की दिशा में नियमित रुप से बेहतर कार्य करना है.

            प्राधिकरण के सीईओ श्री एम. डी. कावरे ने इस मौके पर अधिकारियों और कर्मचारियों का आव्हान किया कि वे आज इस बात का संकल्प लें कि प्राधिकरण आने वाले सभी हितग्राहियों की शिकायतों पर वे नियमित रुप से ध्यान देंगें.
उन्होंने यह भी कहा कि प्राधिकरण की सभी कॉलोनियों में व्यवस्था बनाए रखने के लिए एक – एक समितियों का निर्माण वहां अनिवार्य रुप से कर लिया जाए. इस अवसर पर प्राधिकरण के अतिरिक्त सीईओ श्री यू. एस. अग्रवाल, अधीक्षण अभियंता श्री पी.आर. नारंग सहित अधिकारी व कर्मचारी उपस्थित थे.  

Aug 12, 2015

चाईनीस ताईपेई में होने वाले एशियन चैम्पियनशिप ट्रॉयल सिलेक्शन के लिए गाजियाबाद जाएगी कुराश की टीम

कुराश के खिलाड़ी मिले आरडीए अध्यक्ष से
रायपुर 12 जुलाई 2015, आत्मरक्षा के खेल ''कुराश'' के छत्तीसगढ के खिलाड़ियों ने आज रायपुर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव से उनके कार्यालय में सौजन्य भेंट की. कुराश संघ के अध्यक्ष श्री किशोर सिंह ठाकुर ने जानकारी दी कि कोच हिमांशु चन्द्राकर  और प्रदेश महासचिव आदित्य सिंह ठाकुर के नेतृत्व में टीम के 18 खिलाडी 13 से 18 अगस्त तक गाजियाबाद में होने वाले एशियन चैम्पियनशिप में चयन के लिए रवाना हो रही है. गाजियाबाद में ट्रॉयल के बाद चयनित खिलाड़ियों को13 से 16 सिंतबर 2015 तक चाईनीस ताईपेई में होने वाली एशियन चैम्पियनशिप में भाग लेने का अवसर मिलेगा. गाजियाबाद जाने वालों खिलाड़यों में कुऱाश के राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ी ऋषभ ओगरे, अनुभव जगतराम सहित राज्य स्तरीय खिलाड़ी अभिषेक जैन, अंकित साहू, हिमांक सोनबेर, मोदित जैन, विक्रांत सिंह, अमित मेघानी, दीपक सिंह, शिशिर वर्मा, चन्दर गुप्ता, तुषार हंसवानी, राधव गिनौदिया, विकास दुहन, जयेश जैन, शैलेश साहू व आदित्य भदौरिया शामिल हैं. प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने इन सभी खिलाड़ियों सिलक्शन ट्रॉयल के लिए शुभकामनाएं दी.

Jul 28, 2015

^^^ कमल विहार और इन्द्रप्रस्थ रायपुरा में छोटे प्लॉट उपलब्ध ^^^

- कमल विहार में 646, इन्द्रप्रस्थ रायपुरा में 47 भूखंड बिके -
रायपुर 28 जुलाई 2015, जनता की लगातार मांग पर रायपुर विकास प्राधिकरण ने अब कमल विहार और इन्द्रप्रस्थ योजना में आवास के लिए कुछ और छोटे भूखंड उपलब्ध कराए हैं. कमल विहार में 540 वर्गफुट से 2750 वर्गफुट के 30 नए प्लॉट उपलब्ध कराए गए हैं. जबकि इन्द्रप्रस्थ योजना में आवासीय उपयोग के लिए 14 नए भूखंड उपलब्ध कराए गए हैं.
प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव और मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम.डी. कावरे के अनुसार प्राधिकरण की दोनों ही योजनाओं में तीन हजार वर्गफुट तक के भूखंडों की काफी मांग़ रही है. पिछले दो महीनों में व्यावसायिक व कार्यालय व अन्य उपयोग के भूखंडों के विक्रय में तेजी आई है. पिछले डेढ़ महीने में प्राधिकरण ने लगभग 56 करोड़ रुपए के भूखंडों का विक्रय किया है. कमल विहार योजना में प्राधिकरण ने आज तक कुल 255 करोड़ रुपए के 646 भूखंडों का विक्रय किया है. जबकि इन्द्रप्रस्थ रायपुरा में 17.30 करोड़ रुपए के 47 भूखंड विक्रय हो चुके है. इसके साथ ही विदेशों में रह रहे छत्तीसगढ़ के निवासी भी लगातार कमल विहार योजना के बारे में पूछताछ कर रहे हैं और वे रायपुर आने की योजना भी बना रहे हैं.

Jul 26, 2015

*-* Special issue on Chhattisgarh of Estate Avenues Unveiled *-*



Raipur, 26 July 2015, Chairman Raipur Development Authority Mr. Sanjay Shrivastva had unveiled the Special issue of Estate Avenues, A Real Estate Magazine Published form New Delhi here at Raipur in a Hotel Gateway Taj yesterday night. RDA CEO Mr M.D. Kaware, Chief Editor of Estate Avenues Magazine Mr, Suraj Sharma and Official's of CREDAI of Chhattisgarh were also present in this occasion.

कमल विहार में बनेगा आक्सीजोन

प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव का पहला दौरा
         रायपुर, 26 जुलाई 2015, कमल विहार में सघन वृक्षारोपण कर आक्सीजोन बनाया जाएगा. मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह के गत दिनों कमल विहार योजना के निरीक्षण के बाद दिए गए निर्देश के बाद रायपुर विकास प्राधिकरण इसकी तैयारी में जुट गया है. प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने आज मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम. डी. कावरे और मुख्य अभियंता श्री जे.एस भाटिया के साथ योजना का निरीक्षण कर सेक्टर 3 जिसमें बोरियातालाब भी आता है को आक्सीजोन के लिए उपयुक्त पाया.       
कमल विहार के सेक्टर 3 का क्षेत्र लगभग 235 एकड़ है. इस क्षेत्र में तालाब के बाद वाले क्षेत्र में सघन वृक्षारोपण जिसे ब्लॉक प्लांटेशन भी कहा जाता है कर इसे आक्सीजोन के रुप में विकसित किया जाएगा. प्राधिकरण स्तर पर अब योजना तैयार की जाएगी. अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने आज कमल विहार के अपने पहले औपचारिक दौरे में भूमिगत अधोसंरचना के माडल सहित निर्माणाधीन स्थलों का भी अवलोकन किया.

Jul 23, 2015

Chhattisgarh Real Estate Expo 2015


"Chhattisgarh Real Estate Expo 2015"
Come and see the "Chhattisgarh Real Estate Expo 2015" @ The Taj Gateway Hotel,Behind Magneto Mall, RAIPUR (Chhattisgarh) on 25 th & 26 July 2015. Leader in Real Estate Information ESTATE AVENUES is Organising this event first time in Chhattisgarh.
RDA Chairman Shri Sanjay Shrivastva will be the Chief Guest of the function on Saturday 25th July,6 PM. CEO of RDA Mr M.D. Kawre will be the speaker of the panel of Discussion. Event is Sponserd by Raipur Development Authority.


Jul 21, 2015

कमल विहार में विकसित भूखंडों का कब्जा लेने लगे भूमिस्वामी

369 भूखंडधारियों ने लिया कब्जा
         रायपुर, 21 जुलाई 2015, कमल विहार में भूस्वामियों को भूखंडों का कब्जा देने का क्रम लगातार जारी है. आज तक कुल 369 भूस्वामियों ने अपने भूखंड का स्थल पर कब्जा ले लिया है. आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री राजेश मूणत की पिछले महीने मंत्रालय में हुई समीक्षा बैठक में दिए गए निर्देश के बाद प्राधिकरण के सीईओ श्री एम. डी. कावरे ने राजस्व और तकनीकी की एक टीम गठित की है जो स्थल पर भूस्वामियों को उनको आवंटित भूखंडों का कब्जा दे रही है. कमल विहार योजना के स्थल कार्यालय में दो सहायक यंत्री नियमित रुप से भूमि स्वामियों को उनको आवंटित विकसित भूखंडों का कब्जा दे रहे हैं.

उल्लेखनीय है कि कमल विहार योजना में कुल भूखंडों की संख्या 7787 है. जिसमें से भूमि स्वामियों की संख्या 4969 है. भूस्वामियों को विकसित भूखंड का कब्जा देने के बाद वे इस पर निर्माण के लिए नगर पालिक निगम से भवन अनुज्ञा ले कर निर्माण कार्य प्रारंभ कर सकते हैं. भवन निर्माण के लिए भूखंडधारी विभिन्न बैंकों से ऋण भी प्राप्त कर सकते हैं. ऐसे भूखंडधारियों की सुविधा के लिए रायपुर विकास प्राधिकरण ने गत दिनों एक प्रापर्टी लोन मेला का आयोजन किया था जिसमें काफी संख्या में भूखंडधारियों ने बैंकों से ऋण की जानकारी ली. प्रापर्टी लोन मेला में लगभग साढ़े 7 सौ लोगों ने विभिन्न बैंकों के अधिकारियों से ऋण की जानकारी ली. प्रापर्टी लोन मेला में शामिल बैंक के अधिकारियों के अनुमान के अनुसार मेले आए लोगों से उम्मीद है कि इससे लगभग 25 करोड़ रुपए का ऋण दिया जा सकेगा.   

Jul 20, 2015

नगर विकास स्कीम के प्रावधानों के अनुरुप कार्य करें – श्री संजय श्रीवास्तव

रायपुर, 20 जुलाई 2015, रायपुर विकास प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने कहा है कि प्राधिकरण नगर तथा ग्राम निवेश अधिनियम 1973 के नियम 49 नगर विकास की स्कीम में दिए गए प्रावधानों के अनुसार कार्य करें. यह बात उन्होंने  आज प्राधिकरण कार्यालय में अधिकारियों और कर्मचारियों के साथ परिचय बैठक में कही. उन्होंने कहा अधिकारी एवं कर्मचारी कार्य की गुणवत्ता के साथ ही काम तेजी से हो यह भी सुनिश्चित करें. बैठक में सीईओ श्री एम.डी. कावरे, अतिरिक्त सीईओ श्री यू.एस. अग्रवाल और मुख्य अभियंता श्री जे.एस. भाटिया, अधीक्षण अभियंता श्री पी. आर. नारंग, लेखाधिकारी श्री संदीप सिंह पाल भी उपस्थित थे.
     आरडीए की सीईओ श्री कावरे ने आज सभी शाखा के अधिकारियो से नए अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव का परिचय करवाया. अध्यक्ष ने आज बारी – बारी से प्रशासनिक शाखा, लेखा शाखा, स्टोर शाखा, योजना शाखा, एमआईएस, तकनीकी शाखा के अधिकारियों और कर्मचारियों से सीधे चर्चा की
और उनके कार्य तथा कार्य की प्रकृति की जानकारी ली. श्री श्रीवास्तव ने कहा कि नगर तथा ग्राम निवेश के नियमों के अंतर्गत गृह निर्माण के विकास. बाजार के केन्द्रों, सांस्कृतिक व प्रशासनिक केन्द्रों सहित वाणिज्यिक तथा औद्योगिक प्रयोजन सहित मार्गो व सड़क विकास तथा परिवेश से संबंधी सुधार कार्य भी शामिल है. प्राधिकरण को नए कार्य भी करना है. इसीलिए अधिकारीगण नए कार्यों का बारे में नए प्रस्ताव प्रस्तुत करें. प्राधिकरण की इस परिचय बैठक में अध्यक्ष ने अधिकारियों और कर्मचारियों से कहा कि वे उनके कार्य से संबंधित यदि कोई समस्या हो तो उसे मुख्य कार्यपालन अधिकारी से कहें और वे अपनी समस्याएं उन्हें सीधे भी बता सकते हैं. 

Jul 19, 2015

कमल विहार में बारिश के पानी से रेन वाटर हार्वेस्टिंग हो – डॉ.रमन सिंह

      4 साल पहले मुख्यमंत्री की घोषणा के अनुरुप विकसित होता कमल विहार
रायपुर, 19 जुलाई 2015, चार साल पहले भूमिपूजन करने के बाद आज पहली बार कमल विहार पहुंचे प्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने निरीक्षण के दौरान रायपुर विकास प्राधिकरण के अधिकारियों को सीधी सलाह दी कि वे इतने बड़े क्षेत्र में बारिश के पानी का उपयोग भूमि के रिचार्ज के लिए करें और यहां लगाए जाने वाले पौधों व उद्यानों की सिचाई के लिए शोधित जल का उपयोग करें. वे आज कमल विहार योजना के नजदीक एक निजी अस्पताल के उद्घाटन के बाद कमल विहार में हुए विकास और निर्माण का निरीक्षण करने पहुंचे थे.
आवास एवं पर्यावरण मंत्री श्री राजेश मूणत, नगर तथा ग्राम निवेश के संचालक श्री एस. एस बजाज, रायपुर विकास प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम. डी. कावरे ने मुख्यमंत्री को कमल विहार योजना के स्थल पर विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि यहां हर भूखंडों तक पहुंचाई गई बुनियादी सुविधाएं यथा बिजली व टेलीफोन के केबल, पीने के पानी की पाईप, नाली व बारिश के पानी के निकासी के लिए सभी पाईप लाईनें भूमि के अन्दर बिछाई गई है. यहां हर सेक्टर के भूखंड के सामने इन सभी सुविधाओं के लिए पांईट बनाए गए हैं. भूखंड स्वामियों को जब भी इनकी सुविधा लेना होगा वे इसके लिए बनाए गए पांईटों से सीधे कनेक्शन जोड़ कर तत्काल सुविधा ले सकेंगे. मुख्यमंत्री को यह भी बताया गया कि योजना में हर घर को 24 घंटे पीने का पानी उपलब्ध होगा. पीने का पानी हर घर तक एक प्रेशर के साथ पहुंचेगा यानि पहले घर से आखिरी घर तक एक समान दबाव के साथ पानी पहुंचाने के लिए आधुनिक हाईड्रोन्यूमेटिक सिस्टम का उपयोग किया जाएगा. मुख्यमंत्री ने इन सारी भूमिगत सुविधाओं पर सुखद आश्चर्य व्यक्त करते हुए कहा कि जैसी की कल्पना की गई थी वैसी ही बेहतरीन सुविधाएं यहां दी गई है. उन्होंने आरडीए के अधिकारियों से कहा कि यहां के 1600 एकड़ के विशाल क्षेत्र में बारिश के पानी को प्राकृतिक नाले में बहाने की बजाय उस पानी से पूरे क्षेत्र की भूमि को रिचार्ज करें ताकि भविष्य में यहां रहने वालों को भूमिगत पानी भी आसानी से उपलब्ध हो सके. डॉ. रमन सिंह ने आगे कहा कि यहां वृहद स्तर पर पौधे लगाएं और उनकी सिंचाई के लिए सीवरेज ट्रीटमेंट प्लॉट से शोधित जल का ही उपयोग करें.
आरडीए के अधिकारियों ने मुख्यमंत्री को जानकारी दी कि कमल विहार योजना में लगभग साढ़े 8 हजार भूखंड विकसित किए जा रहे हैं जिसमें से रायपुर विकास प्राधिकरण निर्माण कार्यों की लागत राशि के लिए 1300 भूखंडों के विक्रय कर रहा है. जिसमें से 6 सौ से ज्यादा भूखंडों का विक्रय किया जा चुका है. 1085 करोड़ रुपए की इस योजना के लिए सेन्ट्रल बैंक ऑफ इंडिया से 6 सौ करोड़ रुपए का ऋण भी लिया गया है.
कमल विहार में पहली बार उतरा हेलीकॉप्टर
मुख्यमंत्री आज राजनांदगांव के अपने दौरे के बाद हेलीकॉप्टर से सीधे कमल विहार पहुंचे थे. कमल विहार के सेन्ट्रल बिजनेस डिस्ट्रिक्ट में विशेष रुप से बनाए गए हेलीपैड में पहली बार किसी हेलीकॉप्टर की लैंडिंग हुई. मुख्यमंत्री इसके पहले भी रायपुर विकास प्राधिकरण की डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी आवास योजना रायपुरा के लोकार्पण के अवसर पर रायपुरा में हेलीकॉप्टर से ही आए थे. इससे पहले आज कमल विहार के सेक्टर 7 में मुख्यमंत्री के आगमन पर आरडीए के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम. डी. कावरे, मुख्य अभियंता श्री जे.एस. भाटिया, निर्माण कंपनी लार्सन एंड टूब्रो के श्री पी.के. गुप्ता, पीएमसी वैपकॉस के टीम लीडर श्री संजय वर्मा ने उनका स्वागत किया.
मुख्यमंत्री ने चार पहले साल कहा था अनूठी योजना होगी कमल विहार
उल्लेखनीय है कि मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह ने चार साल पहले 13 जून 2011 को कमल विहार का भूमिपूजन करते हुए कहा था कि कमल विहार योजना पूरे देश में एक अनूठी योजना के रुप में जानी जाएगी और यह योजना छत्तीसगढ़ के सबसे सुव्यवस्थित क्षेत्रों में से एक होगी जहां 16 सौ एकड़ क्षेत्र में बेहतर से बेहतर अधोसंरचना विकसित होगी. आज मुख्यमंत्री ने कमल विहार के निरीक्षण में यह पाया कि चार साल पहले की उनकी घोषणा के अनुरुप ही कमल विहार का विकास हो रहा है.

Jul 16, 2015

बोरियाखुर्द के न्यून निम्न आय वर्ग के 120 फ्लैट्स के आवेदन की तिथि 20 जुलाई तक बढ़ी

रायपुर, 16 जुलाई 2015, छत्तीसगढ़ शासन व्दारा न्यून निम्न आय वर्ग के लिए बोरियाखुर्द योजना में बनाई गई डॉ. श्यामाप्रसाद मुखर्जी आवास योजना के 120 फ्लैट्स के लिए आवेदन की तिथि 20 जुलाई 2015 तक बढ़ा दी गई है. रायपुर विकास प्राधिकरण सीईओ श्री एम.डी. कावरे ने
बताया कि जनसुविधा के लिए निर्धारित तिथि में वृध्दि की गई है. उन्होंने बताया कि 299 वर्गफुट में बनाये गए इन फ्लैटस की वर्तमान कीमत 3 लाख 42 हजार 500 रुपए हैं. फ्लैट्स के आवेदन के लिए वे ही व्यक्ति पात्र है जो रायपुर निवेश क्षेत्र के निवासी है और जिनकी वार्षिक आय 72 हजार रुपए या उससे कम हैं. न्यून निम्न आय वर्ग के आवेदकों को इसमें आवेदन के साथ 30 हजार रुपए जमा करना होगा. फ्लैट्स का आवंटन लॉटरी से किया जाएगा. लॉटरी से आवंटन होने पर आवंटिती को 30 हजार रुपए जमा करने पर फ्लैट का कब्जा दिया जाएगा. आवंटन 15 साल की मासिक किस्तों में होगा, मासिक किस्त की राशि 3304 रुपए होगी.

Jul 14, 2015

आरडीए के प्रापर्टी लोन मेला में बैंकों को 25 करोड़ के व्यवसाय की उम्मीद

10 से 12 सितंबर तक फिर होगा प्रापर्टी लोन मेला
 रायपुर, 14 जुलाई 2015, रायपुर विकास प्राधिकरण कार्यालय में 10 से 12 जुलाई तक आयोजित प्रापर्टी लोन मेले में भाग लेने वाले अधिकांश बैंक व वित्तदायी संस्थाएं काफी उत्साहित हैं क्योंकि इन्हें इस मेले से 25 करोड़ रुपए के व्यवसाय की उम्मीद हो चली है. तीन दिवसीय मेले में प्राधिकरण की संपत्तियों को बैकों से ऋण लेने खरीदने के लिए लगभग साढ़े 7 सौ लोग मेले में आए थे. मेले में कुल 17 बैंकों और वित्तदायी संस्थाओं ने भाग लिया. प्राधिकरण के अध्यक्ष श्री संजय श्रीवास्तव ने लोन मेला को मिली सफलता के बाद कहा है कि जनता के लिए आगामी 10 से 12 सितंबर 2015 को एक बार फिर से प्राधिकरण कार्यालय परिसर में प्रापर्टी लोन मेला का आयोजन किया जाएगा.

प्राधिकरण के मुख्य कार्यपालन अधिकारी श्री एम. डी. कावरे ने इस बारे में जानकारी देते हुए
बताया कि प्रापर्टी लोन मेला में कुल 17 बैंकों ने भाग लिया. इसमें एलआईसी होम फायनेन्स लिमिटेड की दो शाखाओं ने अकेले ही साढ़े 7 करोड़ रुपए के ऋण के व्यवसाय की उम्मीद जताई है. इसके अलावा कमल विहार को ऋण देने वाले सेन्ट्रल बैंक ने 2.50 करोड़ रुपए, इन्द्रप्रस्थ – रायपुरा के विकास के लिए ऋण देने वाले यूनियन बैंक को 1.50 करोड़ रुपए, एचडीएफसी बैंक को 2.00 करोड़ रुपए, भारतीय स्टेट बैंक, इंडसईंड बैंक, सेन्ट बैंक होम फायनेंस,केनरा बैंक और आईसीआईसी बैंक को को डेढ़ – डेढ़ करोड़ रुपए के व्यवसाय होने की आशा है.

ऋण देने वाली इन संस्थाओं को आरडीए के प्राप्रर्टी लोन मेले से काफी उम्मीदें दिखी हैं. उन्होंने आरडीए के अध्यक्ष और मुख्य कार्यपालन अधिकारी से आग्रह किया है कि चूंकि रायपुर
विकास प्राधिकरण एक शासकीय स्वशाशी उपक्रम हैं और आम लोगों का इस संस्था पर काफी भरोसा है. इसलिए प्राधिकरण नियमित रुप से प्रापर्टी लोन मेला का कुछ महीनों के अंतराल में आयोजन करें. बैंक के अधिकारियों ने कहा कि प्राधिकरण के लोन मेला में वे ही लोग आए जिन्हें संपत्ति खरीदी के लिए ऋण लेना था या जिन्होंने कमल विहार और इन्द्रप्रस्थ योजनाओं में पहले से भूखंड ले रखे हैं. बैंक के अधिकारियों के अनुसार प्राधिकरण के विकास और निर्माण कार्य की अपनी एक साख है. इसलिए लोग पहले से ही रायपुर विकास प्राधिकरण के प्लॉट. फ्लैट्स और मकानों को खरीदने को उत्सुक रहते हैं.